कोरोना वायरस,  गाइड,  जनरल,  ट्रेंडिंग,  समाचार

श्रमिक स्पेशल ट्रेन बुकिंग, सुविधाएं एवं स्थानों की सूची

श्रमिक स्पेशल ट्रैन, श्रमिक ट्रैन लिस्ट, श्रमिक एक्सप्रेस ट्रैन, श्रमिक ट्रैन बुकिंग, श्रमिक स्पेशल ट्रैन टाइम टेबल, श्रमिक स्पेशल ट्रैन रूट, श्रमिक एक्सप्रेस टाइम टेबल, श्रमिक स्पेशल ट्रेन, श्रमिक एक्सप्रेस, shramik train, shramik special train, shramik express, shramik train list, shramik train registration, shramik express train, shramik special train list, shramik train booking, shramik special train booking, shramik special train route, how to book shramik special trains, special trains during lockdown

इस लेख में हम श्रमिक स्पेशल ट्रेन के बारे में जानेंगे, इन ट्रेनों में क्या सुविधाएं दी जा रही हैं, आप श्रमिक स्पेशल ट्रेनों में टिकट कैसे बुक कर सकते हैं और उन राज्यों की सूची जो मजदूरों और और लॉकडाउन में फसे अन्य लोगों के लिए ऐसी विशेष ट्रेनों का संचालन कर रहे हैं।

कोरोना वायरस के प्रकोप के कारण, पूरे भारत में 25 मार्च से ही तालाबंदी चल रही है जिसे अब 31 मई 2020 तक बढ़ा दिया गया है। कोरोना वायरस संक्रमण को फैलने से रोकने के उद्देश्य से, उन सभी गतिविधियों पर रोक जारी रखी गई हैं, जो स्थिति को और खराब कर सकते हैं, जिसमें यात्रा, सभा, सार्वजनिक परिवहन और अन्य सेवाएं शामिल हैं। कुछ विशेष श्रेणी जैसे, एम्बुलेंस, आवश्यक गतिविधियों से संबंधित परिवहन के साधन आदि को छोड़कर, किसी भी सार्वजनिक परिवहन, हवाई जहाज, ट्रेन, मेट्रो आदि को देशव्यापी कोरोना वायरस लॉकडाउन के दौरान संचालित करने की अनुमति नहीं है।


› रोजगार की अनिश्चितता

lockdown 2.0, lockdown 2.0 guidelines, lockdown 2.0 end date, lockdown 2.0 me kya kya khula rahega, lockdown 2.0 me kaunsi sevayen chalo rahengi, lockdown 2.0 me konsi sevayen band rahegi, lockdown 2.0 par poori jaankari, lockdown 2.0 ke naye niyam, lockdown 2.0 kya hai

लॉकडाउन की घोषणा के साथ ही, तमाम कल कारखाने, निर्माण कार्य, उद्योग धंधे आदि बंद हो गए थे। कोरोना की अनिश्चितता के कारण स्थाई कर्मचारियों को भी उनकी नौकरी से निकाला जाने लगा। ऐसी स्थिति में दैनिक मजदूरी करने वाले श्रमिकों को भी काम मिलना बंद हो गया। करोड़ों प्रवासी मजदूर काम की तलाश में ग्रामीण क्षेत्रों और भारत के अन्य हिस्सों से महानगरों एवं बड़े शहरों में जाते हैं, जो स्पष्ट रूप से अपने घरों से दूर, बड़े शहरों में रहते हैं। इन मजदूरों के आय का कोई अन्य श्रोत नहीं होता और ना ही कोई जमा पूंजी होती है। काम नहीं मिलने के कारण इन श्रमिकों के पास जो भी कुछ बचा – खुचा था, खत्म होना शुरू हो गया। खाना तो कई बार, स्थानीय प्रशासन या समाज सेवी संस्थाओं द्वारा उपलब्ध करा दिया जाता था, लेकिन मकान किराए के पैसे इनके पास नहीं थे, इस प्रकार, इनके पास, अपने गाँव जाने के अलावा कोई और रास्ता नहीं था।


› श्रमिक स्पेशल ट्रेन चलाने का विचार

लॉकडाउन के कारण, यातायात के तमाम साधन बंद पड़े हैं, ऐसी स्थिति में, कई स्थानों से इन प्रवासी मजदूरों ने अपनी जान जोखिम में डालकर, हजारों किलोमीटर दूर अपने गाँव की ओर पैदल ही यात्रा करना शुरू कर दिया।

प्रवासी मजदूरों के इस कदम ने तमाम लोगों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया और प्रवासी मजदूरों के घर वापसी के लिए बस एवं ट्रेन चलाने की मांग जोर पकड़ने लगी लेकिन अधिकांश प्रवासी मजदूर यूपी, बिहार, पश्चिम बंगाल, मध्य प्रदेश और राजस्थान राज्यों से हैं जिनकी संख्या दस करोड़ से भी अधिक है, ये मजदूर रोजगार की तलाश में अलग अलग राज्यों में फैले हुए हैं, जिसमें पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, मुम्बई आदि प्रमुख राज्य शामिल हैं। इन्हें दो गज की दूरी का पालन करते हुए हजारों किलोमीटर दूर उनके गांवों तक पहुंचाना, साथ ही यह भी सुनिश्चित करना की कोरोना वायरस संक्रमण आगे ना फैले, बिल्कुल भी आसान नहीं है।

अंततः राज्य सरकारों से विचार विमर्श करके, उनकी अनुमति से, सरकार ने विशेष रूप से उन प्रवासियों या श्रमिकों के लिए विशेष रेलगाड़ियों के संचालन का एक बड़ा निर्णय लिया जो अपने शहर वापस जाना चाहते हैं। “श्रमिक एक्सप्रेस” नाम की यह विशेष ट्रेन साप्ताहिक परिचालन कर रही है, जिसमें प्रमुख भारतीय शहरों को शामिल किया गया है, जहां प्रवासी श्रमिकों की संख्या अधिक है। श्रमिक एक्सप्रेस ट्रेन के बारे में सभी विवरण नीचे दिए गए हैं।


› श्रमिक स्पेशल ट्रेन में दी जा रही सुविधाएं

  • श्रमिक एक्सप्रेस में अपने गृहनगर जाने वाले सभी यात्रियों को खाने-पिने का सामान उपलब्ध कराया जाएगा।
  • लंबी यात्रा के दौरान, भारतीय रेलवे श्रमिक एक्सप्रेस में सभी यात्रियों को भोजन प्रदान करेगी।
  • आगमन पर, राज्य सरकार द्वारा विशेष व्यवस्था की जाएगी। इन व्यवस्थाओं में स्क्रीनिंग, चेकअप और अपने गाँवों में परिवहन की सुविधा शामिल है।
  • कोई भी प्रवासी श्रमिक, छात्र और अन्य सभी लोग जो अन्य शहरों / राज्यों में फंसे हुए हैं, श्रमिक एक्सप्रेस ट्रेनों के लिए टिकट बुक कर सकेंगे।
  • मास्क रहित लोगों को मास्क प्रदान किए जाएंगे और श्रमिक एक्सप्रेस ट्रेनों में यात्रा के दौरान उचित सामाजिक दूरी का ध्यान रखा जाएगा।

› दिल्ली प्रवासी मजदूर स्पेशल ट्रेन के लिए ऑनलाइन पंजीकरण कैसे करें?

श्रमिक स्पेशल ट्रैन, श्रमिक ट्रैन लिस्ट, श्रमिक एक्सप्रेस ट्रैन, श्रमिक ट्रैन बुकिंग, श्रमिक स्पेशल ट्रैन टाइम टेबल, श्रमिक स्पेशल ट्रैन रूट, श्रमिक एक्सप्रेस टाइम टेबल, श्रमिक स्पेशल ट्रेन, श्रमिक एक्सप्रेस, shramik train, shramik special train, shramik express, shramik train list, shramik train registration, shramik express train, shramik special train list, shramik train booking, shramik special train booking, shramik special train route, how to book shramik special trains, special trains during lockdown

दिल्ली सरकार ने सभी प्रवासियों, श्रमिकों के लिए पंजीकरण और श्रमिक विशेष ट्रेन के लिए ऑनलाइन टिकट बुक करना आसान बना दिया है। अगर आप दिल्ली प्रवासी मजदूर स्पेशल ट्रेन में टिकट बुक करना चाहते हैं तो आपको नीचे दिए गए चरणों का पालन करना चाहिए।

1. नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करके ऑफिशियल वेबसाइट पर जाएं।

epass.jantasamvad.org

2. आपकी स्क्रीन पर पंजीकरण पृष्ठ खुल जाएगा जहां आपको निम्नलिखित विवरण सही ढंग से दर्ज करना होगा।
संपर्क संख्या:

  • नाम
  • उम्र
  • लिंग
  • यात्रा करने का कारण
  • पता
  • जिला
  • आधार आईडी
  • अन्य राज्य
  • अन्य राज्य जिला
  • अन्य राज्य का पता
  • गंतव्य रेलवे स्टेशन

3. सभी जानकारी सही-सही भरने के बाद सबमिट बटन पर क्लिक करें और आपका आवेदन जमा हो जाएगा।


› उन स्थानों की सूची जो श्रमिक स्पेशल ट्रेन का संचालन कर रहे हैं

दिल्ली
हरियाणा
बंगलौर
पंजाब
बिहार
राजस्थान
चंडीगढ़
छत्तीसगढ़
महाराष्ट्र
नागालैंड
आंध्र प्रदेश
हिमाचल प्रदेश
ओडिशा
जम्मू और कश्मीर
असम
झारखण्ड
कर्नाटक
केरला
सिक्किम
नासिक
तमिल नाडू
मध्य प्रदेश
तेलंगाना
दमन और दीव
दादर और नगर हवेली

 

नीचे दिए गए किसी भी बटन को दबाकर इसे अपने प्रियजनों के साथ साझा करें!

मैं पेशे से एक इलेक्ट्रिकल इंजीनियर हूं, हालांकि मशीनें मुझे उतनी उत्साहित नहीं करती, जितना कि शब्द करते हैं। मुझे लिखना बहुत पसंद है और विभिन्न स्रोतों से मैं लिखने का अभ्यास करता रहता हूं। कुछ समय से मैने इंटरनेट पर अपना योगदान देना शुरू किया है। मैं अंग्रेजी में कुछ अन्य ब्लॉग भी चला रहा हूं। मुझे इस बात की आवश्यकता महसूस हुई कि हिंदी में एक अच्छी वेबसाइट होनी चाहिए जो हिंदी पढ़ने वाले समुदाय को उपयोगी सामग्री प्रदान कर सके। इसलिए, यह ब्लॉग मुख्य रूप से केवल हिंदी पाठकों के लिए केंद्रित है और हर शब्द विशुद्ध रूप से देवनागरी लिपि में लिखा गया है।

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *